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आगरा | विश्वशांति मानव सेवा समिति के कार्यालय में बृजलोक साहित्य - कला - संस्कृति अकादमी के सौजन्य से देशभर के साहित्यकारों, कलाकारों, पत्रकारों को सम्मानित किया गया | उपर्युक्त कार्यक्रम गुरुपूर्णिमा पर्व के पावन अवसर पर आयोजित किया गया |

उक्त कार्यक्रम में मुख्यरूप से जयकिशन सिंह एकलव्य को उनकी कलम...

शहर के मध्य में स्थित एक मध्यमवर्गी कॉलोनी जिसमें अधिकतर नौकरपेशा रहवासी. कुल जमा १८५ मकान, छोटे-बड़े मिलकर, कुल जमा ३ पार्क, छोटे प्लाट, संकरी सड़कें किन्तु साफ़ सुथरा रहवास. कुल मिलाकर आधुनिकता की दौड़ में अग्रणी कॉलोनी. फिर भी लोग अपनी जड़ों को संभाले सहेजे हुए कहीं-कहीं गाय और बंधे कुत्ते भी घरों में...

मंगलू शाम को जब अपने झोपड़ीनुमा घर पर लौटा तो सामने रखे डिब्बे के ऊपर रखी एक चूड़ी देख चौक गया तुरंत ही आवेश पूर्ण शब्दों मे चीखा-

'बुधरी! ये चूड़ी कहाँ से आयी?'

बुधरी ने सहमी आवाज मे जवाब दिया -

' मैने इसे खरीदी है.'

' कितने रूपये में?'

' पचास रूपये में.'

पचास रुपये का नाम सुनते ही मंगलू का पारा साँतवें आसम...

दोपहर के एक बजे सतीश ने अपना टिफन उठाया और ऑफिस कैंटीन में बैठ कर टिफिन से खाना निकाल कर प्लेट में डाला. रोटी के दो या तीन कौर ही मुश्किल से खाये होंगे कि सतीश ने खाना छोड़ दिया. उससे खाना खाया नही जा रहा था. दिल की धड़कन थोड़ी बढ़ी महसूस हुई और बदन निढाल होने लगा. रोटी खाने की इच्छा ही समाप्त हो गई. उ...

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